होमन्यूज़आजादी के 75 साल बाद भी लोहार समुदाय सत्ता से दूर

आजादी के 75 साल बाद भी लोहार समुदाय सत्ता से दूर

सवाल तो बनता है आजादी के 75 साल बीत जाने के बाद भी लोहार समुदाय सता से दूर क्यों है?

बारुण (औरंगाबाद, 27 नवंबर, 2022 रविवार) | बिहार लोहार अनुसूचित जनजाति जागृति मंच प्रखंड इकाई बारुण के तत्वावधान में बुद्ध नगर भवन में प्रखंड अध्यक्ष पारसनाथ विश्वकर्मा के अध्यक्षता में प्रतिभा सम्मान कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मंच संचालन जिला महासचिव संजय विश्वकर्मा तथा कार्यक्रम का उद्घाटन प्रदेश अध्यक्ष दीनानाथ विश्वकर्मा एवं जिलाध्यक्ष विजय विश्वकर्मा ने संयुक्त रूप से किया।

आयोजन में मैट्रिक कक्षा में प्रथम श्रेणी से उत्तीर्ण एवं इंटर कक्षा में उत्तीर्ण कई छात्र-छात्राओं को प्रशस्ति पत्र एवं मेडल तथा पुरस्कार देकर प्रोत्साहित किया गया।

लोहार समुदाय सत्ता से दूर क्यों?

कार्यक्रम के दौरान 25 सदस्यीय प्रखंड कमेटी का विस्तार भी किया गया, जिसमें प्रदेश अध्यक्ष ने लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि लोहार समुदाय को आजादी के 75 साल बीत जाने के बाद भी यह सता से दूर है।

सत्ता में लोहार समुदाय की भागीदारी ना के बराबर है। अनुसूचित जनजाति की दर्जा प्राप्त के लिए चरणबद्ध तरीके से संघर्ष करना पड़ेगा। जिलाध्यक्ष ने कहा कि आने वाले विधानसभा चुनाव में लोहार समुदाय अपने बलबूते पर चुनाव लड़ेगी। जिला संगठन प्रभारी ने कहा कि लोहार समुदाय सामाजिक परिवर्तन के साथ राजनीतिक परिवर्तन के लिए कदम बढ़ा चुकी है। सभी अभिभावक अपनी संतान को शिक्षित जरूर करें। आर्थिक रूप से कमजोर छात्र छात्राओं को पढ़ने के लिए संगठन द्वारा मदद भी किया जाएगा।

कार्यक्रम में नरेश विश्वकर्मा, रामा शंकर विश्वकर्मा, रामस्वरूप विश्वकर्मा, अशोक विश्वकर्मा, धर्मेंद्र विश्वकर्मा, महंत विश्वकर्मा, बैजनाथ विश्वकर्मा, अशोक विश्वकर्मा, दीपक विश्वकर्मा, सरिता देवी, कौशलेंद्र शर्मा, सोमनाथ, जीतन, रविनंदन उपस्थित रहे।

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सतीश कुमार शर्मा ApnaLohara.Com नेटवर्क के संस्थापक और एडिटर-इन-चीफ हैं। वह एक आदिवासी, भारतीय लोहार, लेखक, ब्लॉगर और सामाजिक कार्यकर्ता हैं।
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